2021 में भी हिटलिस्ट में शामिल वाराणसी के फरार अपराधियों की गिरफ्तारी होगी बड़ी चुनौती 

वर्ष 2021 में भी फरार चल रहे इनामी अपराधियों की तलाश पुलिस के लिए  बड़ी चुनौती होगी। हिटलिस्ट में कुछ ऐसे इनामी बदमाश हैं

 Arrest: ग़ाज़ीपुर/वाराणसी: वर्ष 2021 में भी फरार चल रहे इनामी अपराधियों की तलाश पुलिस के लिए  बड़ी चुनौती होगी। हिटलिस्ट में कुछ ऐसे इनामी बदमाश हैं जो अब पुलिस वालों के बगल से गुजर जाएं तो उन्हेंं पहचान भी न पाएं। चाहे दो लाख का इनामी शहाबुद्दीन, अताउर रहमान हो या फिर विश्वास नेपाली, अजीम पुलिस के पास इनकी मौजूदा तस्वीर तक नहीं है।

महकमे में कुछ खास दारोगा-सिपाही ही ऐसे हैं जो उनकी पहचान कर सकते हैं। पुलिस की गिरफ्त से दूर अपराधियों में कोई दस तो कोई 20 साल से फरार चल रहा है। अधिकतर अपराधियों की तस्वीर तक पुलिस के पास नहीं है। पूर्वांचल के टाप टेन इनामी अपराधियों की परछाई तक पुलिस नहीं छू पाई है।

मुख्तार का खास रहा अताउर्रहमान

दो लाख का इनामी बदमाश अताउर्रहमान गाजीपुर के मरहूपुर मोहम्मदाबाद का रहने वाला है। वर्ष 2005 में भाजपा विधायक कृष्णानंद राय की हत्या में इसका नाम आया था। बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी का खास रहा अताउर्रहमान वर्ष 1998 में चर्चित कोयला कारोबारी व विश्व हिंदू परिषद के तत्कालीन कोषाध्यक्ष नंद किशोर रूंगटा के अपहरण में शामिल रहा है। इस समय पाकिस्तान में ठिकाना बनाए हुए है।

ये भी पढ़ें – जानें, आज का इतिहास, घटी थीं ये बड़ी घटनाएं…

अताउर्रहमान का साथी है शहाबुद्दीन

शहाबुद्दीन पर भी दो लाख रुपये का इनाम है। यह अताउर्रहमान का साथी है और उसी के गांव में रहता था। यह अताउर्रहमान के साथ कृष्णानंद राय की हत्या व नंद किशोर रूंगटा के अपहरण में शामिल रहा। उसके भी पाकिस्तान भाग जाने की खबर है।

 साथी ढेर, सोनू बना सिरदर्द

एक लाख का इनामी मनीष सिंह उर्फ सोनू पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ है। लंका थानांतर्गत नरोत्तमपुर निवासी इस बदमाश के खिलाफ रंगदारी, हत्या व लूट जैसे संगीन मामले दर्ज हैं। नवंबर में पुलिस ने उसके दो साथियों मोनू चौहान व रौशन गुप्ता उर्फ किट्टू को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया था।

पेशी पर जाते वक्त फरार हुआ था मनीष

चर्चित फिल्म स्टार मनीषा कोईराला के सचिव की हत्या में शामिल जंसा थाना क्षेत्र निवासी मनीष पर पुलिस ने एक लाख का इनाम घोषित किया है। पेशी पर जाते समय पुलिस कस्टडी से फरार मनीष पर चर्चित माफिया डान सुभाष ठाकुर का हाथ है। माना जाता है। माना जा रहा है कि वह इस समय मुंबई में है।

एक सफेदपोश के संरक्षण में बीकेडी

माफिया से माननीय बने एमएलसी बृजेश सिंह के परिवार के जानी दुश्मन इंद्रदेव सिंह उर्फ बीकेडी पर भी एक लाख का पुरस्कार घोषित है। चौबेपुर के धौरहरा के रहने वाले बीकेडी ने सेंट्रल जेल में निरुद्ध बृजेश के चचेरे भाई सतीश सिंह की हत्या की थी। बृजेश के खास माने जाने वाले पूर्व जिला पंचायत सदस्य अजय खलनायक पर इसने ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई थीं। फरार चल रहे बीकेडी पर मुन्ना बजरंगी का हाथ था। सूत्रों के अनुसार बीकेडी पर पूर्वांचल के एक कद्दावर सफेदपोश का संरक्षण है।

 सनसनीखेज वारदातें कर चुका है सुनील

चोलापुर के रहने वाले अपराधी सुनील यादव पर भी पचास हजार इनाम है। चंदौली, वाराणसी में इसने कई सनसनीखेज वारदातें की हैं। वर्ष 2013 में चंदौली में पेशी के बाद वाराणसी जेल लाते समय यह चौकाघाट इलाके से फरार हुआ था। तब से इसका कोई सुराग नहीं मिला।

 रंगदारी के दौर में था अजीम का आतंक

चौबेपुर निवासी अजीम को पुलिस अब तक पकड़ भी नहीं पाई। वाराणसी में रंगदारी के दौर में इसका कारोबारियों में जबरदस्त आतंक था। शिवपुर क्षेत्र में मार्बल कारोबारी की हत्या के बाद इसके नाम की पूर्वांचल में दहशत फैल गई थी। कई कारोबारी आज तक इसके आतंक के चलते सुरक्षा घेरे में चलते हैं। 50 हजार के इनामी बदमाश अजीम पर बनारस में कई आपराधिक मुकदमे हैं।

 रंगदारी वसूूलने के लिए कुख्यात नेपाली

विशेश्वरगंज इलाके में रहने वाला विश्वास नेपाली भी अजीम की तरह रंगदारी वसूूलने के लिए कुख्यात रहा है। माफिया मुन्ना बजरंगी के लिए वसूली करनेे वाला विश्वास नेपाली के बारे में सूचना है कि इन दिनों उसने नेपाल को अपना ठिकाना बनाया है और वहां पर ट्रैवल एजेंसी की आड़ में सारे गलत धंधे करता है। फरार अपराधियों को नेपाल में छिपने में मदद करता है और उनसे मोटी रकम वसूलता है।

,

Related Articles

Back to top button